लॉक डाउन : भारत नेपाल बॉर्डर के पास से पकड़ा गया संदिग्ध नेपाली, पांच लोग हैं फरार...बताया जा रहा है कोरोना पीड़ित

कुशीनगर जिले के कसया थाना क्षेत्र की पुलिस ने रविवार को प्रेमवलिया गांव से होकर गुजर रहे एक संदिग्ध नेपाली युवक को हिरासत में लिया है। उसकी पहचान खालिद (35) निवासी काठमांडू नेपाल के रूप में  हुई है। पूछताछ में उसने बताया कि दो दिन पूर्व उसने सोनौली सीमा पार की है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उसके साथ पांच अन्य युवक भी थे जो फरार हो गए। 
घटनाक्रम को नेपाल के कुख्यात जालिम मुखिया से जोड़कर देखा जा रहा है। जालिम मुखिया ने नेपाल के रास्ते 50 कोरोना पॉजिटिव को बिहार व यूपी में दाखिल करने की योजना बनाई है। रविवार की सुबह 10 बजे प्रेमवालिया गांव के डेविड राय को ग्रामीणों ने बताया कि 5-6 नेपाली नहर के रास्ते आ रहे हैं। नहर की पटरी पर  पहुंचने पर मात्र एक  नेपाली दिखा।

ग्रामीणों ने अनुमान लगाया कि उसके साथी कही छिप गए होंगे। काफी खोज के बाद भी उसके साथियों का पता नहीं चल सका। उसने पूछताछ में अपने को अकेला बताया। लोगों ने पुलिस को सूचना दी । मौके पर पहुंची पुलिस ने युवक से कड़ाई से पूछताछ की तो उसने अपना नाम बताया। पूछताछ में जानकारी मिली कि वह दो दिन पूर्व सोनौली बार्डर पार किया है और रात को यहां पहुंचा है। इस संबंध में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अभिषेक पांडेय का कहना है कि नेपाली युवक को मेडिकल जांच के लिए भेजा गया है।

नेपाल से भारत में घुसने की फ‍िराक में हैं 40-50 कोरोना संक्रमित

नेपाल में छिपे कोरोना संक्रमितों के शरणदाता जालिम मुखिया भारत में 40-50 कोरोना संक्रमितों को भेजने की तैयारी कर रहा है। खुफ‍िया एजेंसियों को इसकी जानकारी मिलने के बाद भारत-नेपाल सीमा पर सतर्कता बढ़ा दी गई है। नेपाल में भी जालिम मुखिया के ठिकानों पर नेपाल की पुलिस छापेमारी कर रही है। उसके तीन ठिकानों पर शनिवार को नेपाल पुलिस के छापेमारी करने की खबर मिली है। 

नेपाल पुलिस की टीम ने परसा जिले में स्थित जग्रनामपुर गांव में स्थित जालिम मुखिया के घर सहित तीन ठिकानों पर छापेमारी की है। इन ठिकानों से 19 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। डीएम दीपक मीणा और पुलिस अधीक्षक विजय ढुल ने बताया कि सीमा पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।