लॉकडाउन के कारण फसल कटाई के लिए मजदूर न मिलने पर किसान ने दिया जान, कई दिन से था परेशान!

कोरोना वायरस के चलते किया गया लॉकडाउन अब किसानों की जान भी लेने लगा है. बुंदेलखंड के बांदा जिले में एक किसान को फसल काटने के लिए मजदूर नहीं मिले. ये किसान इतना परेशान हुआ कि उसने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी. ये मामला उत्तर प्रदेश में बांदा (Banda) जिले की देहात कोतवाली क्षेत्र के जारी गांव का है. 
यहाँ फसल कटाई के लिए मजदूर न मिलने से परेशान एक किसान ने पेड़ से फांसी लगाकर कथित रूप से आत्महत्या कर ली है. अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) लाल भरत कुमार पाल ने बताया, जारी गांव में रामभवन शुक्ला उर्फ लाला (52) का शव गांव के बाहर एक पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटका पाया गया है. घर वालों की सूचना पर शव को उतारकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है..

मृत किसान के परिजनों ने बताया कि खेत में खड़ी गेहूं की फसल पक गई है, और पिछले दो दिनों से फसल कटाई के लिए शुक्ला मजदूरों की तलाश कर रहे थे. आज सुबह भी मजदूरों की तलाश में वह घर से गए थे, लेकिन लॉकडाउन (Lockdown) की वजह से मजदूर ढूंढ़े नहीं मिल रहे, जिसके चलते शायद उन्होंने पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है..

बांदा जिले में अब तक दो कोरोना पॉजिटिव मरीज मिल चुके हैं, जिनमें से एक ठीक हो चुका है, जबकि एक का इलाज चल रहा है. लॉकडाउन का असर खेती किसानी पर भी पड़ रहा है. किसान परेशान हैं. देश में बढ़ रहे कोरोना के चलते लॉकडाउन बढ़ाया जा सकता है. 21 दिनों का लॉकडाउन 14 अप्रैल को ख़त्म हो रहा है. पूरी संभावना है कि लॉकडाउन बढ़ाया जाएगा. ऐसे में और मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है..