कोरोना के डर से शव लेने नहीं आए परिजन, पुलिस ने किया अंतिम संस्‍कार!

कोरोना संक्रमण के डर से लोग अपनों से भी दूर हो रहे हैं। स्थिति यह है कि परदेश से आने वाले की मौत होने पर कोई कंधा देने को तैयार नहीं हो रहा है। 25 अप्रैल को जिला अस्पताल में दम तोडऩे वाले अररिया जिले के जुबरैल के साथ भी यही हुआ। 
दो दिन परिजनों का इंतजार करने के रेलवे चौकी प्रभारी अक्षय मिश्रा ने सोमवार की शाम नार्मल कब्रिस्तान में मुस्लिम रीति-रिवाज से शव दफन कराया। अररिया (बिहार) जिले के बसेटी बाजार का रहने वाला 
जुबरैल लुधियाना में मजदूरी करता था। लॉकडाउन के दौरान वह घर जाने के लिए पैदल निकल गया। 19 अप्रैल की शाम को गोरखपुर पहुंचा। 

मोहद्दीपुर में चेकिंग के दौरान मजिस्ट्रेट और पुलिस की टीम ने पकड़ लिया। एहतियात के तौर पर कोरोना की जांच कराया गया। रिपोर्ट नेगेटिव आने पर अधिकारियों ने जुबरैल को रैन बसेरा में क्वारंटाइन करा दिया। तबीयत बिगडऩे पर कैंट पुलिस ने जिला अस्तपाल में भर्ती कराया, जहां 25 अप्रैल की सुबह उसकी मौत हो गई।