पति का शव लेकर जब वो ससुराल पहुंची तो छलक आए उसके आँखों में आंसू...

बुधवार की सुबह पति अमित भट्ट की मौत के बाद उनके शव को लेकर फालेन आउट अतिथि विद्वान पत्नी रूपा शर्मा रोते बिलखते अपने दो मासूम हनु भट्ट एवम पुत्री ओजी भट्ट को अपने ससुराल चंदिया थाना अंतर्गत ग्राम ओबरा पहुंची है जहाँ मातम माहौल में उनका अंतिम संस्कार किया गया है। कोरोना विभीषिका में सम्पूर्ण जिला जब पूरा लॉक डाउन हो, उस परिस्थिति में चार पहिया वाहन की व्यवस्था कर अपने बिलखते बच्चों के साथ पति का शव वाहन में रख अकेले ही तकरीबन 200 किमी का सफर करना अचरज ही जान पड़ता है, परन्तु महिला अतिथि विद्वान ने ये कर दिखाया।
बताया जाता है कि जयसिंहनगर में महिला अतिथि विद्वान रूपा शर्मा ग्रंथपाल के रूप में पदस्त थी, गत वर्ष दिसंबर माह में प्रदेश सरकार के आदेश से ही वह कालेज से फॉरेन आउट हो गयी थी,तब से अब तक किसी तरह का मानदेय नही मिला था,फॉरेन आउट होने के बाद बेरोजगारी के आलम में ह्रदय बीमारी से ग्रस्त पति अमित शर्मा एवम दो पुत्रों का बोझ सामने था,बेरोजगारी एवम आर्थिक तंगी से दो चार हो रही अतिथि विद्वान किसी तरह परिवार का पालन पोषण करती रही परन्तु परीक्षा की इस घड़ी में किस्मत ने भी दगा दिया और सही इलाज के अभाव में पति की अंतत: बेरोजगारी के 3 महीने बाद मौत हो गयी। 
घटना की खबर पर जयसिंहनगर शासकीय कालेज में पदस्त अतिथि विद्वान जसीम अहमद, डॉ संजय गुप्ता तत्काल पहुंचे और उन्हें गाड़ी आदि की व्यवस्था कर चंदिया स्थित उनके ससुराल ग्राम ओबरा पहुंचने में मदद की। हादसे की जानकारी पर शोकाकुल परिवार से अतिथि विद्वान डॉ मंसूर अली,डॉ जेपीएस चौहान ने भी उमरिया में मुलाकात की और जरूरी मदद की है। आर्थिक तंगी व बेरोजगारी के दंश से परेशान अतिथि विद्वान रूपा शर्मा के सामने पति की मौत के बाद अब दो मासूमो का बोझ है। 
इस हादसे पर डॉ मंसूर अली ने कहा है कि उच्च शिक्षा की रीढ़ रहे अतिथि विद्वान सरकारी बेरुखी से अब बदहाल स्थिति में जीवन यापन कर रहे है, वर्षों विभाग की सेवा करने के बाद आज उन्हें बेरोजगार किया जा रहा है जिसकी परिणति इस तरह की दुखद घटना के रूप में सामने आ रही है। स्व. अजय त्रिपाठी एवं अतिथि विद्वान रूपा शर्मा के पति स्व. अमित भट्ट का दुखद देहांत अतिथि विद्वानों की बदहाल आर्थिक स्थिति का उदाहरण ही है जो दुखद है।बताया जाता है कि महिला अतिथि विद्वान अपने दो मासूमो के साथ अपने पति का शव लेकर दोपहर 2 बजे ग्राम ओबरा पहुंची है, जिसके बाद से ही पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है।