लॉकडाउन में संदिग्ध दशा में घर के भीतर आग का गोला बन गई युवती, हो गई मौत!

सरायअकिल कस्बे के मौलवीगंज मोहल्ले में रहने वाली एक युवती मंगलवार सुबह संदिग्ध दशा में घर के भीतर आग का गोला बन गई। चीख पुकार पर मौके पर पहुंचे परिजन जब तक कुछ कर पाते, उसकी मौत हो चुकी थी। युवती ने खुदकुशी की या उसे मौत के घाट उतारा गया ? फिलहाल साफ नहीं है। पुलिस छानबीन के बाद कार्रवाई की बात कह रही है।
मौलवीगंज मोहल्ला निवासी रिजवान अहमद सभासद हैं। उनके भाई इरफान की करीब 17 साल पहले मौत हो चुकी है। इरफान की पत्नी चांदतारा और बेटी काजल (20) की देखरेख रिजवान ही करते हैं। मंगलवार सुबह संदिग्ध दशा में घर के भीतर काजल आग का गोला बन गई। चीखें सुन परिवार के लोग तथा पड़ोसी मौके पर पहुंचे। गंभीर रूप से झुलसी कागज को अस्पताल ले जाने का इंतजाम किया जा रहा था। हालांकि इससे पहले ही उसकी मौत हो गई। 

घटना की सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने जांच के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। काजल ने खुदकुशी की तो क्यों की ? उसे मारा गया तो किस कारण से मारा गया ? फिलहाल इन सवालों का जवाब किसी के पास नहीं है। वैसे परिवार वालों का कहना है कि काजल की मानसिक हालत इधर बीच कम ठीक रहती थी। इलाज के बाद भी आराम नहीं मिल रहा था। इसी वजह से उसने खुदकुशी कर ली है। मामले में सरायअकिल एसओ विजय विक्रम सिंह का कहना है कि घटना संदिग्ध लग रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। इससे पहले इस मामले में कुछ भी कह पाना जल्दबाजी होगी।