जानिए क्यों असुरक्षित है वीडियो कॉलिंग ऐप Zoom, जानें उसके 8 बड़े कारण!

वीडियो-कॉलिंग ऐप Zoom को इस्तेमाल करने के लिए मिनिस्ट्री ऑफ होम अफेयर्स (MHA) ने एक एडवाइजरी जारी की है जिसमें बताया गया है कि इस ऐप को कैसे इस्तेमाल किया जाए। इस एडवाइजरी में यह स्पष्ट किया गया है कि सरकारी अधिकारी किसी भी सरकारी काम के लिए Zoom ऐप का इस्तेमाल न करें।
यह ऐप सुरक्षित नहीं है। साइबर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (CERT-In) से लेकर MHA तक इस ऐप को लेकर कई सूचनाएं उपलब्ध कराई गई हैं। ऐसे में हम आपको यहां यह बताने जा रहे हैं कि आखिर Zoom ऐप असुरक्षित क्यों है।

जानें वो 8 कारण जो Zoom को बनाते हैं खतरनाक
  1. Zoom कॉन्फ्रेंसेज को हैक किया जा सकता है। हाल ही में ब्रॉडकास्ट ऑडिएंस रिसर्च काउंसिल (BARC) की मीटिंग को बीच में ही रोक दिया गया था। क्योंकि कुछ हैकर्स ने ऐप की चैट विंडो का कंट्रोल अपने हाथ में ले लिया था।
  2. आधिकारिक Zoom मीटिंग के पार्टिसिपेंट्स उसमें मौजूद दूसरों के टर्मिनल्स पर मालीशस गतिविधि कर सकते हैं।
  3. Cert-In ने बताया था कि Zoomके जरिए साइबर क्रिमिनल्स यूजर की निजी जानकारी चुरा सकते हैं
  4. अगर Zoom का इस्तेमाल ठीक से न किया जाए तो कोई भी व्यक्ति उस मीटिंग में बिना आपकी मर्जी के ज्वाइन कर सकता है।
  5. Zoom ऐप को लेकर यह खबर भी सामने आई थी कि यूजर्स के निजी ईमेल्स और फोटोज भी लीक किए जा रहे हैं। यह खामी कंपनी डायरेक्ट्री सेंटिंग में थी जिसके जरिए इमेल्स और फोटोज लीक किए जा रहे थे।
  6. MHA एडवाजरी में यह संकेत दिए गए थे की Zoom को डेनियल-ऑफ-सर्विस (DoS) अटैक्स के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। ये एक तरह के साइबर अटैक्स ही होते हैं।
  7. Zoom ने कहा था कि उसके प्लेटफॉर्म पर की जाने वाली कोई भी मीटिंग एंड-टू-एंड एनक्रिप्टेड नहीं होती है। ऐसे में वीडियो कॉल को किसी थर्ड पार्टी द्वारा डिक्रिप्ट किया जा सकता है।
  8. अगर आपको Zoom ऐप का इस्तेमाल करना सही से नहीं आता है तो आपका निजी डाटा रिकॉर्डिंग के जरिए लीक हो सकता है।