नहर में नहा रहीं 3 बहनें व भाई डूबे, दो को बचाया गया, दो के शव नहर में मिले

जालौन जिले में नहर में नहाते समय तीन बहनें और एक भाई पानी के तेज बहाव में बह गए। चीख पुकार सुनकर जानवर चरा रहा रहे एक चरवाहे ने एक भाई व बहन को बचा लिया, जबकि दो बहनें पानी के तेज बहाव में बह गई। पुलिस ने तलाश कराई पर पता नहीं चला, जिससे खफा लोगों ने झांसी-कानपुर हाईवे पर जाम लगाकर गोताखोरों से खोजबीन कराने की मांग की।
सूचना पाकर पहुंचे सीओ कोंच आरपी सिंह ने समझा बुझाकर जाम खुलवाया। एट क्षेत्र के ग्राम इगुई खुर्द निवासी महबूब सोमवार दोपहर दो बजे अपनी तीन पुत्रियों महक (17) कशिश, (16), जैस्मीन (12) व बेटे अरबाज (15) के साथ हमीरपुर शाख की बड़ी नहर पर घर पर छप्पर बनाने को लकड़ी तोड़ने गए थे।

लकड़ी तोड़ने के बाद महबूब लकड़ियां लेकर घर चला गए, जबकि तीनों लड़कियां और बेटा नहर में नहाने लगा। नहाते समय बहाव तेज होने से अचानक चारों लोग बहने लगे और चिल्लाए। वहीं नहर के पास मवेशी चरा रहे काशी प्रसाद डूबता देख नहर में छलांग लगी दी और अरबाज और महक को पानी से बाहर निकाल लिया, पर जैस्मीन और कशिश बह गईं।

खबर जैसे ही गांव पहुंची तो हड़कंप मच गया। लोग नहर के पास पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। सूचना पर पिरौना चौकी प्रभारी शीलवंत सिंह ने कुछ गोताखोरों को बुलाकर डूबीं दोनों लड़कियों की तलाश शुरू कराई, लेकिन पता नहीं चला। इसके बाद खफा ग्रामीणों ने बाहर से गोताखोरों को बुलाकर खोजबीन की मांग को लेकर झांसी-कानपुर हाईवे पर जाम लगा दिया।

जाम की सूचना पर पहुंचे सीओ आरपी सिंह ने परिजनों और ग्रामीणों को समझाया कि उन्होंने कालपी से गोताखोरों को बुलाया है, जल्द ही दोनों लड़कियों को खोज लिया जाएगा, तब ग्रामीणों ने जाम खोला। मंगलवार को दो सगी बहनों के शव गांव से कुछ दूर अलग-अलग पुलों के बीच फंसे हुए मिले। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। इस घटना से गांव में मातम छा गया।