लॉकडाउन में घर के नजदीक तो पहुँच गए, लेकिन घर पर नहीं जा पाए रितिका और शौर्य

चंडीगढ़ में नौकरी कर रही रितिका पुत्री ज्वाला प्रशाद तथा 10 वर्षीय बेटे शौर्य की आंखें अपने परिजनों को देख उन्हें दूर से ही निहारती रहीं। वे घर जाना तो दूर उनसे मिल तक नहीं पाए। कोरोना महामारी के चलते बाहर से आए तमाम लोगों की गहन स्वास्थ्य जांच की जा रही है। उनकी सैंपलिंग और रजिस्ट्रेशन भी किया जा रहा है। 
चिकित्सकों की अनुमति के बाद ही इन लोगों को घर भेजा जाएगा। जब से पंजाब तथा हरियाणा में कोरोना के नए पॉजिटिव मामले सामने आए हैं, हिमाचल के सरहदी क्षेत्र में पूरी एहतियात बरती जा रही है। जिला प्रशासन इस मामले में कोई भी जोखिम मोल लेना नहीं चाहता। 

इस वक्त बाहर से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की गहन जांच किए जाने को कड़े कदम उठाए जा रहे हैं। चंडीगढ़ से आए लोगों को बसदेहड़ा, जखेड़ा तथा एक ही परिवार के सदस्यों को कुछ निजी होटलों में क्वारंटीन किया गया है। एसडीएम सुरेश जसवाल ने कहा कि सुरक्षा के दृष्टि से ऐसा करना आवश्यक है।