बंधना था सेहरा लेकिन घर से उठी अर्थी, हैदराबाद से वापस आते समय ट्रक से गिरकर श्रमिक की मौत

कोरोना महामारी के चलते देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान हैदराबाद में फंसे हरदोई निवासी युवक साथियों के साथ ट्रक से घर वापस आते वक्त रास्ते मेें हादसे का शिकार हो गया। मध्य प्रदेश के सतना जिले में चलते ट्रक से नीचे गिरने के बाद युवक की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद सोमवार को साथी शव लेकर गांव पहुंचे।
शव पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने बताया कि युवक की शादी तय थी। हरदोई के गांव टिकारी निवासी प्रहलाद का 22 वर्षीय शैलेंद्र आंध्र प्रदेश के हैदराबाद में पत्थर काटने का काम करता था। कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए 25 मार्च से पूरे देश में लॉकडाउन लागू हो गया है, जिसके चलते अन्य लोगों के साथ ही शैलेंद्र भी हैदराबाद में फंस गया था। 
काफी इंतजार के बाद भी लॉकडाउन नहीं खुला तो शैलेंद्र गांव के ही 12 अन्य साथियों के साथ शनिवार की अल सुबह पैदल ही घर वापस आने के लिए निकल पड़ा। साथियों के मुताबिक रास्ते में ट्रक मिल गया। ट्रक सतना मध्य प्रदेश तक जा रहा था, जिस पर वह सभी ट्रक पर सवार हो गए। साथी पंकज व मुकेश ने बताया कि रास्ते में मध्य प्रदेश के जिला सतना के थाना अगरा के पास संतुलन बिगड़ जाने पर वह ट्रक से नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। 
मध्य प्रदेश पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव उसके साथियों के सुपुर्द कर दिया। सोमवार को साथी उसका शव लेकर गांव पहुंचे। शव पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने बताया कि शैलेंद्र तीन भाइयों में सबसे छोटा था। उसकी शादी तय थी। 12 मई को शादी होनी थी, लेकिन लॉकडाउन के चलते कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया था। लॉकडाउन खत्म होने का इंतजार था। इसके बाद परिजन उसके सिर पर सेहरा सजा देखना चाहते थे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। सिर पर सेहरा सजने की जगह पर घर से उसकी अर्थी निकली।