हुआ बड़ा हादसा, छत में दफन हो गया पूरा परिवार, 4 लोगों की हो गई मौत

जवाहर नगर क्षेत्र में बत्ती चौराहा पर गुरुवार की सुबह बजे पांच एक मकान की छत गिरने से मकान में सो रहा पूरा परिवार दफन हो गया। घटनास्थल पर ही परिवार की महिला और दो बच्चों की मौत हो गई जबकि घायल युवक की इंदौर ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई। हादसे की जानकारी मिलने के बाद नगर निगम और जिला प्रशासन के कई अधिकारी मौके पर पहुंचे। हादसा औद्योगिक क्षेत्र पुलिस थाने के जवाहरनगर के चार बत्ती चौराहा पर गुरुवार की सुबह पांच बजे उस समय हुआ जब पूरा परिवार घर में सो रहा था। 
पुलिस ने बताया कि झाबुआ निवासी परिवार जवाहर नगर में ज्योति बाई पति स्वर्गीय दयाराम वर्मा के मकान में किराए से रहता था। बुधवार की रात को पूरा परिवार मकान में सो रहा था। गुरुवार को तड़के पांच बजे मकान की छत गिरी और पूरा परिवार उसमें दब गया। पुलिस ने बताया कि हादसे में घटनास्थल पर ही शर्मिला पति मोहन कहार 34 वर्ष ग्राम पारा थाना पारा जिला झाबुआ, उसका बेटा राजवीर पिता मोहन लाल कहार उम्र 11 और बेटी याशिका पिता मोहनलाल छह वर्ष निवासी मृत्यु हो गई जबकि मोहन पिता शांतिलाल 35 वर्ष गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद उसे जिला अस्पताल में भर्ती किया जहां से इंदौर रैफर कर दिया। 

रास्ते में बिलपांक फंटे के यहां जाते समय उसकी भी मौत हो गई। शव को फिर से जिला अस्पताल लाया गया है। मोहनलाल और उसका परिवार यहां किराए से रहता था। झाबुआ का रहने वाला मोहन रतलाम में वाहन चालक के रूप में काम करता था। सूचना मिलते ही एसडीएम लक्ष्मी गामड़, तहसीलदार गोपाल सोनी, पूर्व पार्षद राजीव रावत और निगम का अमला मौके पर पहुंच गया था। रहवासियों की मदद से मलबे में दबे परिवार को निकाला गया। यह मकान 40 से 45 साल पुराना बताया जा रहा है. जानकारी के अनुसार रिपेयर के लिए कल ही छत पर चुरी भी डलवाई गई थी।